भाग 6: मुक्ति का तेज – देवहूति की अंतिम आरोहण यात्रा
वन शांत था, एक स्वर्णिम नीरवता में लिपटा हुआ। भगवान कपिल और उनकी माता देवहूति के बीच चल रहा पावन संवाद अपने दिव्य शिखर पर पहुँच चुका था। उनके वचन…
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January 22, 2026
वन शांत था, एक स्वर्णिम नीरवता में लिपटा हुआ। भगवान कपिल और उनकी माता देवहूति के बीच चल रहा पावन संवाद अपने दिव्य शिखर पर पहुँच चुका था। उनके वचन…
The forest was still, wrapped in a golden silence. The sacred dialogue between Bhagwan Kapil and His mother, Devahuti, had reached its divine crescendo. His words were not mere sounds—they…
आश्रम की शांति में, केवल कपिल भगवान की मधुर वाणी ही वह पवित्र निस्तब्धता भंग कर रही थी, जब वे अपनी माता देवहुति को दिव्य उपदेश सुना रहे थे। देवहुति…
In the quiet of the hermitage, the sacred silence was pierced only by the murmured voice of Kapil Bhagwan as He continued His divine discourse to His mother, Devahuti. Her…